उत्तराखंड में अब तक मूसलाधार बारिश से हुई 47 लोगों की मौत, PM मोदी ने भी लिया स्थिति का जायजा

0
262

देहरादून. उत्तराखंड के कुमाऊं और गढ़वाल इलाके में मूसलाधार बारिश होने से 42 और लोगों की मौत हो गई और कई मकान ढह गए। इसके साथ ही भारी बारिश की घटनाओं में अब तक मरने वालों की संख्या 47 हो गई है। प्रशासन के अधिकारियों ने बताया कि बिगड़े मौसम के बीच कई घंटे झुझने के बाद मंगलवार देर शाम नैनीताल से संपर्क फिर से शुरू कर दिया गया।

कुमाऊं इलाके में 42 और लोगों की मौत के साथ ही आपदा की वजह से मरने वालों की संख्या 47 हो गई है क्योंकि 5 लोगों की मौत सोमवार को हुई थी। मौसम विभाग के मुताबिक बुधवार को भी प्रदेश के कई क्षेत्र में बारिश के आसार बने हुए हैं।

DIG निलेश आनंद भरणे ने बताया कि कुमाऊं इलाके में मृतकों की संख्या 40 से ज्यादा हो गई है। अधिकारी ने बताया कि इन 42 मृतकों में से 28 लोग नैनीताल जिले में मारे गएए 6-6 लोगों की मौत अल्मोड़ा एवं चंपावत जिलों मेंए एक-एक व्यक्ति की मौत पिथौरागढ़ और उधम सिंह नगर जिले में हुई है।

CM धामी ने बारिश से प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण किया और प्रभावित लोगों से बातचीत की ताकि हानि पता लगाया जा सके। उन्होंने राज्य में पिछले 2 दिनों में वर्षाजनित घटनाओं में मारे गए लोगों के परिवार वालों को 4-4 लाख रुपये मुआवजा देने की भी ऐलान किया।

PM नरेंद्र मोदी ने भी फोन पर धामी से बात की और स्थिति का जायजा लिया तथा प्रत्येक संभव मदद का आश्वासन दिया। CM पुष्कर सिंह धामी के साथ कुमाऊं इलाके में वर्षा प्रभावित इलाकों का दौरा करने गए पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार ने कहा कि नैनीताल के काठगोदाम और लालकुआं तथा ऊधम सिंह नगर के रुद्रपुर में सड़कों, पुलों और रेल पटरियों को हानि पहुंची हैं। कुमार ने कहा कि क्षतिग्रस्त पटरियों को सही करने में कम से कम चार-पांच दिन लगेंगे।

DIG भरणे ने कहा कि खराब मौसम और निरंतर बारिश के बावजूद नैनीताल में बंद सड़कों को खोल दिया गया हैए मलबे हटा दिए गए हैं और पर्यटक स्थल का संपर्क फिर से शुरू कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि फंसे हुए पर्यटक कालाधुंगी ओर हलद्वानी के मार्ग अपने स्थानों के लिए रवाना हो रहे हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here